ICICI Bank के नए चार्ज 1 दिसंबर 2026 से: कैश जमा, निकासी और NACH बाउंस
ICICI Bank 1 दिसंबर 2026 से महीने में ₹1 लाख से ज़्यादा कैश और NACH बाउंस पर चार्ज बढ़ा रहा है। फ्री लिमिट, नए रेट और किस पर असर।
ICICI Bank 1 दिसंबर 2026 से सेविंग्स और सैलरी खातों के कुछ चार्ज बदलेगा। नए रेट बैंक की वेबसाइट पर हर खाते के शेड्यूल ऑफ चार्जेस में जोड़े गए एक अनुलग्नक में हैं, जिस पर "with effect from 1st Dec 2026" लिखा है। बैंक ने ग्राहकों को ईमेल से भी इसकी जानकारी दी है। यहां बताया गया है कि क्या बदल रहा है और क्या नहीं।
नीचे दिए हर चार्ज पर 18% GST अलग से लगेगा।
ब्रांच और कैश मशीन में कैश
ये नियम ब्रांच में कैश जमा और निकासी और कैश रीसाइक्लर मशीन में जमा पर लागू होते हैं। डेबिट कार्ड से ATM निकासी की लिमिट अलग है और वह नहीं बदल रही।
- फ्री ट्रांज़ैक्शन: महीने में 3 कैश जमा और 3 कैश निकासी पहले की तरह फ्री रहेंगी। हर अतिरिक्त ट्रांज़ैक्शन पर पहले की तरह ₹150 लगेंगे।
- फ्री रकम: महीने में ₹1 लाख तक कैश जमा और अलग से ₹1 लाख तक कैश निकासी फ्री रहेगी।
- महीने में ₹1 लाख से ज़्यादा: 1 दिसंबर 2026 से चार्ज ₹3.50 से बढ़कर ₹4 प्रति ₹1,000 होगा, या ₹150, जो भी ज़्यादा हो।
- दोनों लिमिट पार: अगर एक ट्रांज़ैक्शन गिनती और रकम दोनों की लिमिट से ऊपर है, तो दोनों में से ज़्यादा वाला चार्ज लगेगा, दोनों नहीं।
उदाहरण: आप एक महीने में 2 बार में ₹1.5 लाख कैश जमा करते हैं। पहले ₹1 लाख फ्री हैं। बाकी ₹50,000 पर ₹4 प्रति ₹1,000 से ₹200 लगेंगे, जो आज ₹175 हैं, और इस पर GST अलग।
Wealth और Private Banking ग्राहक, जिनकी रिलेशनशिप वैल्यू ₹50 लाख या जमा और बैलेंस ₹10 लाख है, उन्हें महीने में 15 फ्री कैश ट्रांज़ैक्शन और जमा व निकासी में अलग-अलग ₹15 लाख तक फ्री मिलता है। इसके ऊपर उन्हें भी ₹3.50 की जगह ₹4 प्रति ₹1,000 देने होंगे।
यही कैश रेट सीनियर सिटीज़न, सैलरी और ज़्यादातर दूसरे सेविंग्स खातों के शेड्यूल में भी हैं। बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉज़िट (BSBDA) और जन धन खातों पर अब भी कैश ट्रांज़ैक्शन का कोई चार्ज नहीं है।
NACH और ECS बाउंस चार्ज
जब किसी EMI, SIP, बीमा प्रीमियम या दूसरे ऑटो डेबिट के लिए खाते में पैसे कम हों, तो NACH या ECS डेबिट बाउंस हो जाता है।
- किसी मैंडेट पर महीने का पहला बाउंस: पहले की तरह ₹500।
- उसी महीने उसी मैंडेट पर दूसरा और तीसरा बाउंस: 1 दिसंबर 2026 से हर एक ₹550 का, जो अभी ₹500 है।
- बैंक एक मैंडेट पर महीने में ज़्यादा से ज़्यादा 3 बाउंस का चार्ज लेता है।
यह बदलाव BSBDA और जन धन समेत हर तरह के सेविंग्स खाते पर लागू है। आपका लोन देने वाला, फंड हाउस या बीमा कंपनी भी अपनी बाउंस फीस अलग से ले सकती है।
डिमांड ड्राफ्ट
CNBC-TV18 और Mint के मुताबिक ग्राहकों को भेजे ईमेल में यह भी लिखा है कि ₹1 लाख से कम के डिमांड ड्राफ्ट फ्री होंगे, और ₹1 लाख या उससे ज़्यादा के ड्राफ्ट पर ₹2 प्रति ₹1,000 लगेंगे, ज़्यादा से ज़्यादा ₹15,000। अभी चार्ज ₹2 प्रति ₹1,000 है, कम से कम ₹40। 23 अक्टूबर 2026 को जब हमने देखा, तब बैंक की वेबसाइट के शेड्यूल में यह बदलाव नहीं था, इसलिए ड्राफ्ट बनवाने से पहले अपनी ब्रांच से पक्का कर लें।
आप क्या कर सकते हैं
ब्रांच में महीने का कैश जमा और निकासी दोनों ₹1 लाख से कम और 3 बार के अंदर रखें, या डेबिट कार्ड से ATM, UPI और ऑनलाइन ट्रांसफर इस्तेमाल करें, जिन पर ये नियम चार्ज नहीं लेते। हर EMI या SIP की तारीख से एक दिन पहले खाते में पूरे पैसे रखें, क्योंकि अब महीने में दूसरा बाउंस ज़्यादा महंगा है। अपने खाते के नियम देखने के लिए ICICI Bank के सर्विस चार्ज पेज पर अपने खाते का शेड्यूल ऑफ चार्जेस खोलें।
स्रोत: ICICI Bank: सर्विस चार्ज और फीस, ICICI Bank: सेविंग्स खाते का शेड्यूल ऑफ चार्जेस (PDF), ICICI Bank: कॉमन सर्विस चार्ज (PDF), ICICI Bank: BSBDA का शेड्यूल ऑफ चार्जेस (PDF), CNBC-TV18: ICICI Bank 1 दिसंबर से सर्विस चार्ज बदलेगा, Mint: 1 दिसंबर से बैंक के सर्विस चार्ज बदलेंगे, Moneycontrol: ICICI Bank 1 दिसंबर से सेविंग्स खाते के चार्ज बदलेगा।
नियम, दरें और सीमाएं बदलती रहती हैं। यहां के किसी आंकड़े पर भरोसा करने से पहले ऊपर दिए आधिकारिक स्रोत को देखें। पोस्ट में लेखक के रेफरल या एफिलिएट लिंक कभी नहीं होते।
यह लेख अंग्रेज़ी से अनुवाद किया गया है। अगर कुछ गलत लगे, तो hello@saifu.in पर ईमेल करें।